गणेश चतुर्थी 2025: व्रत तिथि, पूजा विधि और व्रत कथा

परिचय

हिंदू धर्म में गणेश चतुर्थी का विशेष महत्व है। इसे विघ्नहर्ता गणेश जी के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को यह पर्व धूमधाम से मनाया जाता है।

इस दिन गणपति बप्पा की स्थापना कर 10 दिनों तक पूजा की जाती है और अनंत चतुर्दशी के दिन उन्हें विसर्जित किया जाता है।

गणेश चतुर्थी फोटो

img 20250826 1713534858767259263176541
image editor output image1110837780 17562087229224474378881380695949
img 20250826 171306 4286135166907777338161
img 20250826 171306 609634043808171661414
img 20250826 171305 9653472938187755328741
img 20250826 171306 2835717036538191443212
img 20250826 171306 5968544697678516504192
img 20250826 171306 019897549540748077817
ganesh ji wallpaper hd320778103414019431

गणेश चतुर्थी 2025 की तिथि

  • तारीख: रविवार, 31 अगस्त 2025
  • चतुर्थी तिथि प्रारंभ: 30 अगस्त 2025, रात 10:28 बजे से
  • चतुर्थी तिथि समाप्त: 31 अगस्त 2025, रात 07:55 बजे तक
  • पूजा का शुभ मुहूर्त: प्रातःकाल 11:00 बजे से 01:30 बजे तक (लगभग)

गणेश चतुर्थी व्रत का महत्व

  1. भगवान गणेश को प्रथम पूज्य देवता माना जाता है।
  2. उनकी पूजा से जीवन की सभी बाधाएँ दूर होती हैं।
  3. इस दिन व्रत रखने से सुख-समृद्धि और सौभाग्य की प्राप्ति होती है।
  4. गृहस्थ जीवन में खुशहाली और पारिवारिक कलह से मुक्ति मिलती है।

व्रत विधि – क्या करना चाहिए?

  1. सुबह स्नान करें और साफ कपड़े पहनें।
  2. घर के मंदिर या पूजा स्थल को साफ कर सजाएँ।
  3. गणेश जी की मूर्ति या तस्वीर स्थापित करें।
  4. मूर्ति पर लाल कपड़ा, दूर्वा (तीन पत्तियों वाली घास), लाल पुष्प, मोदक और लड्डू अर्पित करें।
  5. धूप, दीप और नैवेद्य अर्पित कर गणेश जी की आरती करें।
  6. दिनभर व्रत रखें और शाम को कथा सुनें।
  7. व्रत का पारण भगवान गणेश की आरती और प्रसाद ग्रहण कर करें।

गणेश चतुर्थी व्रत कथा

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

प्राचीन काल में देवता और दानवों के बीच युद्ध चल रहा था। देवताओं ने गणेश जी की पूजा की और उनके आशीर्वाद से विजय प्राप्त की। इसी कारण से गणेश जी को विघ्नहर्ता और सिद्धिदाता कहा जाता है।

मान्यता है कि इस दिन व्रत कथा सुनने से समस्त बाधाएँ दूर होती हैं और घर में सुख-समृद्धि आती है।

निष्कर्ष

गणेश चतुर्थी 2025 का पर्व 31 अगस्त को मनाया जाएगा। यह दिन सभी भक्तों के लिए अत्यंत शुभ है। गणेश जी की पूजा विधि-विधान से करने पर जीवन की हर समस्या दूर होती है और घर-परिवार में सुख-शांति का वास होता है।

इस पावन अवसर पर “गणपति बप्पा मोरया” का जयघोष करते हुए भगवान गणेश से कृपा की प्रार्थना अवश्य करें।

Leave a Comment